
बीकानेर, 14 जून। केंद्रीय कानून मंत्री श्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा कि शिक्षा ही किसी भी राष्ट्र की सबसे बड़ी शक्ति होती है। विद्यालय केवल परीक्षा में अंक प्राप्त करने का स्थान नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण, संस्कार, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक उत्तरदायित्व विकसित करने का केंद्र होता है। उन्होंने विद्यार्थियों को लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर परिश्रम करने, समय का सदुपयोग करने तथा आधुनिक ज्ञान के साथ भारतीय संस्कृति एवं नैतिक मूल्यों को अपनाने का संदेश दिया और कहा कि आज की युवा पीढ़ी विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी और शिक्षा ही उस परिवर्तन की सबसे बड़ी आधारशिला है।श्री मेघवाल ने रविवार को कक्कू के अराइज स्कूल में आयोजित प्रतिभा सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे। समारोह का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं सरस्वती वंदना के साथ हुआ। अतिथियों का पारंपरिक स्वागत पुष्पगुच्छ एवं साफा पहनाकर किया गया। विद्यालय परिवार द्वारा सभी अतिथियों का अभिनंदन करते हुए शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली प्रतिभाओं को सम्मानित करने की परंपरा को अनुकरणीय बताया। इस अवसर पर कक्षा 10 में 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को 51, 21, 11 हजार एवं 5,100 रुपए के प्रोत्साहन चेक प्रदान किए गए। वहीं 95 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को विद्यालय परिवार की ओर से तीन दिवसीय हवाई यात्रा कराने की घोषणा की गई। इसके अतिरिक्त आगामी वित्तीय वर्ष से कक्षा 10 एवं 12 में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को एक लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि प्रदान किए जाने की घोषणा भी की गई।कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के प्रतिभाशाली छात्र-छात्राओं को मंच पर सम्मानित किया गया। प्रशस्ति-पत्र, स्मृति चिन्ह एवं प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई। अभिभावकों ने भी विद्यालय की इस प्रेरणादायी पहल की मुक्त कंठ से सराहना करते हुए इसे शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक परिवर्तन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।समारोह में पूर्व प्रधान कन्हैया लाल सियाग, स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, शिक्षाविद्, सामाजिक कार्यकर्ता एवं क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।विद्यालय के प्रधानाचार्य राकेश सिंह ने विद्यालय का वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए वर्षभर की शैक्षणिक उपलब्धियों, बोर्ड परीक्षा परिणामों, खेलकूद प्रतियोगिताओं, सांस्कृतिक गतिविधियों, विज्ञान एवं नवाचार कार्यक्रमों तथा विद्यालय की अन्य उल्लेखनीय उपलब्धियों की जानकारी दी। उन्होंने विद्यालय परिवार, शिक्षकों, अभिभावकों एवं समाज के सहयोग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में शिक्षा की गुणवत्ता को और बेहतर बनाने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।समारोह के दौरान विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने उपस्थित जनसमूह का मन मोह लिया। देशभक्ति गीतों, लोकनृत्य, समूहगान एवं प्रेरणादायी प्रस्तुतियों ने पूरे कार्यक्रम को यादगार बना दिया। विद्यालय परिसर तालियों की गूंज और विद्यार्थियों के उत्साह से सराबोर दिखाई दिया।

